चेन्नई: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय ने बड़ा फैसला लेते हुए परंदूर एयरपोर्ट प्रोजेक्ट को रद्द कर दिया है। सीएम ने सोमवार (24 अगस्त) को विधानसभा में इसकी घोषणा की। एयरपोर्ट की परियोजना रद्द करने के बाद सत्तारूढ़ी टीवीके और विपक्षी डीएमके के बीच टकराव का नया मुद्दा बन गया है।
मुख्यमंत्री विजय ने विधानसभा में बताया कि भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (एएआई) द्वारा संचालित चेन्नई के मीनमबक्कम हवाई अड्डे की क्षमता फिलहाल सालाना 3 करोड़ (30 मिलियन) यात्रियों को संभालने की है। उन्होंने कहा कि शहर की बढ़ती जरूरतों, औद्योगिक विकास और कार्गो परिवहन (सामान की आवाजाही) को देखते हुए एक नए हवाई अड्डे की जरूरत है।
मैं विरोध करने वालों के साथ खड़ा हूं: सीएम विजय
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि नया हवाई अड्डा ऐसी जगह बनाया जाना चाहिए, जहां कृषि भूमि और आवासीय क्षेत्रों पर कम से कम असर पड़े।
उन्होंने बताया कि 20 जनवरी 2025 को उन्होंने एकानापुरम और आसपास के गांवों का दौरा किया था तथा परंदूर और 12 पड़ोसी गांवों में प्रस्तावित हवाई अड्डे का विरोध कर रहे लोगों की समस्याओं को सुना था। उन्होंने कहा, "मैं परंदूर और आसपास के गांवों में हवाई अड्डा बनाए जाने का विरोध कर रहे लोगों के साथ मजबूती से खड़ा हूं।"
किसान देश की रीढ़ हैं: सीएम विजय
विजय ने कहा कि, ''किसान देश की रीढ़ हैं और वे अपनी कृषि भूमि को बचाने के लिए आंदोलन कर रहे लोगों का समर्थन करते हैं। उन्होंने अक्टूबर 2024 में विक्रवांडी की एक जनसभा में भी इस परियोजना का विरोध किया था। यह प्रोजेक्ट परंदूर में नहीं बनना चाहिए। सरकार को इस पर पुनर्विचार करना होगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि नया हवाई अड्डा बनाने के लिए किसी ऐसी वैकल्पिक जगह की पहचान की जाए जहां कम से कम कृषि भूमि प्रभावित हो और लोगों की रोजी-रोटी का नुकसान न हो। जनता से किए गए वादे को पूरा करने के लिए... परंदूर में नया हवाई अड्डा स्थापित करने के लिए उठाए गए कदमों को यह सरकार वापस लेगी।''
विपक्ष ने साधा निशाना
पूर्व मंत्री और डीएमके नेता थंगम थेन्नारासु ने सीएम विजय के फैसले पर कहा, ''एयरपोर्ट बहुत अहम है और तमिलनाडु की आर्थिक तरक्की के लिए जरूरी है। चेन्नई एयरपोर्ट एक बेहतरीन एयरपोर्ट था। 2.30 लाख यात्रियों के साथ तीसरे नंबर पर रहने वाला चेन्नई एयरपोर्ट अब पांचवें नंबर पर आ गया है। श्रीपरंबदूर में मौजूद उद्योगों को ध्यान में रखते हुए, चेन्नई (तमिलनाडु) में एक ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट बनाने के लिए परंदूर में इसे स्थापित करने की दिशा में कदम उठाए गए। चेन्नई की तकनीकी व्यवहार्यता और भौगोलिक बनावट को ध्यान में रखते हुए, परंदूर एयरपोर्ट की जगह चुनने से पहले कई जगहों का अध्ययन किया गया और केंद्र सरकार से मंजूरी भी ली गई।''






