ताज़ा खबरें
एसआईआर के खिलाफ हो रहे प्रदर्शन आजादी की दूसरी लड़ाई: खड़गे
जेडीयू से बाहर निकाले जाने पर अनंत सिंह बोले- बनाऊंगा अपनी पार्टी
रामलीला मैदान की रैली से पहले राहुल बोले- बीजेपी का दिल से धन्यवाद

नई दिल्ली: कांग्रेस ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश जस्टिस उज्जल भुइयां की हालिया टिप्पणियों को लेकर निर्वाचन आयोग और उसके प्रमुख ज्ञानेश कुमार पर निशाना साधा है। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि जस्टिस उज्जल भुइयां के बयान ने ज्ञानेश कुमार को "बेनकाब’’ कर दिया है और उन्हें अब पद पर बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।

जयराम रमेश ने अपने पोस्ट में क्या लिखा?

जयराम रमेश ने ‘एक्स’ पर एक खबर साझा करते हुए दावा किया कि जस्टिस भुइयां ने मतदान के अधिकार को संविधान की मूल संरचना का हिस्सा बताते हुए जो टिप्पणी की है, उससे यह निष्कर्ष निकलता है कि संवैधानिक पद पर बैठे कुमार ने संविधान का उल्लंघन किया है। उन्होंने कहा, ‘‘जस्टिस भुइयां ने और भी बहुत कुछ कहा है और सीईसी को पूरी तरह बेनकाब कर दिया है। अगर ज्ञानेश कुमार में जरा भी शर्म है तो उन्हें तुरंत इस्तीफा दे देना चाहिए।’’

नई दिल्ली: कांग्रेस पार्टी ने अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी को लेकर मोदी सरकार पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने अपने एक्स पोस्ट में इसे ‘चंदा चोरी, आस्था से धोखा’ बताते हुए पूछा कि भगवान श्रीराम के मंदिर में चढ़ावे की चोरी करने वालों के प्रति सरकार इतनी नरमी क्यों बरत रही है।

जयराम रमेश ने कहा कि सरकार विपक्षी नेताओं के खिलाफ ईडी और सीबीआई के इस्तेमाल से पीछे नहीं हटती, लेकिन राम मंदिर में चढ़ावा चोरी की 105 घटनाएं सीसीटीवी में कैद होने के बाद भी जांच उन लोगों तक क्यों नहीं पहुंची, जिन पर चोरों को बचाने का संदेह है और जो व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिम्मेदार थे।

105 घटनाएं, फिर सिर्फ 8 आरोपी क्यों?

जयराम रमेश ने सवाल किया कि 105 चोरी की घटनाओं के बावजूद मामले में सिर्फ आठ आरोपी कैसे हो सकते हैं। उन्होंने यह भी पूछा कि 105 घटनाओं से सिर्फ ₹79.85 लाख की बरामदगी के बाद मामले को बंद करने की इतनी जल्दी क्यों है।

नई दिल्ली: मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर चुनाव आयोग (ईसीआई) के खिलाफ जारी राजनीतिक विवाद के बीच पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री और कांग्रेस सांसद पी. चिदंबरम ने मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा है कि अगर सीईसी ज्ञानेश कुमार अपने पद से इस्तीफा नहीं देते हैं, तो उनके खिलाफ हो रहा विरोध प्रदर्शन और भी ज्यादा बढ़ेगा, आंदोलन तेज होगा और आखिर में उन्हें इस्तीफा देना ही पड़ेगा।

मीडिया से बातचीत में कांग्रेस सांसद पी. चिदंबरम ने शनिवार (3 अक्टूबर, 2026) को कहा, ‘मुझे इसमें कोई शक नहीं है कि ज्ञानेश कुमार को कभी न कभी इस्तीफा देना ही पड़ेगा। उनके लिए यही बेहतर होगा कि वे जल्द से जल्द अपना इस्तीफा दे दें, लेकिन अगर वे इस्तीफा नहीं देते हैं, तो विरोध जारी रहेगा।’ उन्होंने कहा, ‘इंडिया गठबंधन का विरोध जारी रहेगा। अन्य समूह भी विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं और आखिर में उन्हें इस्तीफा देने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। उनके लिए समझदारी भरा कदम यही होगा कि वे अभी ही इस्तीफा दे दें।’

नई दिल्ली: मुंबई के शिवाजी पार्क में बड़े प्रदर्शन के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) ने अब दिल्ली के जंतर मंतर पर 10 अक्टूबर को आंदोलन की घोषणा की है। सीजेपी के संस्थापक अभिजीत दिपके ने कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार (सीईसी) ने इस्तीफा नहीं दिया तो देशभर से लोग दिल्ली पहुंचेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन शांतिपूर्ण होगा और पुलिस ने रोकने की कोशिश की तो जहां रोका जाएगा, वही जगह जंतर-मंतर बन जाएगी। उन्होंने दिल्ली पुलिस और केंद्र सरकार को चेतावनी दी कि 20 जुलाई को प्रदर्शनकारियों के साथ हुई कथित बर्बरता को दोहराया नहीं जाना चाहिए।

देशभर से दिल्ली आएंगे लोग: दिपके

सीजेपी मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग विशेष गहन पुनरीक्षण यानि एसआईआर प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों को लेकर कर रही है। पार्टी का आरोप है कि मतदाता सूची के पुनरीक्षण में गड़बड़ियाँ हुई हैं और इस मामले में चुनाव आयोग की जवाबदेही तय होनी चाहिए।

  • देश
  • प्रदेश
  • आलेख