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इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने ईरान के साथ कूटनीतिक संपर्क बढ़ाया है और पाकिस्तानी विदेश मंत्री इशाक डार ने अपने ईरानी समकक्ष अब्बास अराघची को चर्चा के लिए "जल्द से जल्द" इस्लामाबाद आने का निमंत्रण दिया है। इस कूटनीतिक संपर्क से जुड़े शीर्ष अधिकारियों के अनुसार, यह निमंत्रण इस बात का संकेत है कि इस्लामाबाद तेहरान और वाशिंगटन के बीच एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक सेतु की अपनी भूमिका बनाए रखना चाहता है।

यह घटनाक्रम अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा क्षेत्रीय सहयोगियों की अपील के बाद ईरान के खिलाफ प्रस्तावित सैन्य हमलों को टालने के दो दिन बाद सामने आया है। हालांकि, निमंत्रण पर ईरान की प्रतिक्रिया तत्काल ज्ञात नहीं हो सकी है। पाकिस्तान के विदेश कार्यालय ने सोमवार को 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, "उप प्रधानमंत्री/विदेश मंत्री सीनेटर मोहम्मद इशाक डार ने आज ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची से बातचीत की। दोनों नेताओं ने कब्जे वाले पूर्वी यरुशलम में बिगड़ती स्थिति समेत क्षेत्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर विचारों का आदान-प्रदान किया।"

अदन: लाल सागर में एक बार फिर समुद्री सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। भारत के झंडे वाला एक मालवाहक जहाज विस्फोटकों से लदी नाव के हमले का शिकार हो गया और बाद में समुद्र में डूब गया।

13 भारतीय नाविकों को सुरक्षित बचाया गया

राहत की बात यह रही कि जहाज पर सवार सभी 14 चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया गया, जिनमें 13 भारतीय और एक यमनी नागरिक शामिल हैं। भारतीय ध्वज वाले कार्गो पोत फैजे नूरे ओलिया पर यमन के पश्चिमी तट के पास हमला हुआ।

सरकारी समर्थन प्राप्त नेशनल रेजिस्टेंस फोर्स (एनआरएफ) के अनुसार, यह हमला हूती नियंत्रण वाले होदेदाह बंदरगाह से करीब 13 समुद्री मील दक्षिण में हुआ। इसके बाद यमन के तटरक्षक और नौसेना ने संयुक्त अभियान चलाकर सभी चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित बाहर निकाला। सभी को चिकित्सा सहायता दी गई और किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

वॉशिंगटन: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नई टैरिफ नीति एक बार फिर कानूनी विवाद में घिर गई है। अमेरिका के 25 डेमोक्रेटिक शासित राज्यों ने ट्रंप प्रशासन के खिलाफ अदालत में मुकदमा दायर कर भारत समेत 60 व्यापारिक साझेदार देशों से होने वाले आयात पर लगाए गए नए टैरिफ को चुनौती दी है। राज्यों का आरोप है कि प्रशासन पहले अदालत से खारिज हो चुके व्यापक आयात शुल्क को अब नए कानूनी आधार पर दोबारा लागू करने की कोशिश कर रहा है।

न्यूयॉर्क की अदालत में भारत समेत 60 देशों पर लगाए शुल्क को दी चुनौती

यह मुकदमा सोमवार को न्यूयॉर्क स्थित यूएस कोर्ट ऑफ इंटरनेशनल ट्रेड में दायर किया गया। याचिका में पिछले महीने लागू किए गए 10 से 12.5 प्रतिशत तक के आयात शुल्क को चुनौती दी गई है। ट्रंप प्रशासन ने ये टैरिफ ट्रेड एक्ट 1974 की धारा 301 के तहत लगाए हैं। प्रशासन का कहना है कि यह कदम उन देशों के खिलाफ उठाया गया है, जो जबरन श्रम से बने उत्पादों के निर्यात को रोकने के लिए पर्याप्त कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।

वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को कहा कि कतर, सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात जैसे खाड़ी देशों के आग्रह पर उन्होंने ईरान के खिलाफ हमले करने का फैसला फिलहाल टाल दिया। ट्रंप ने बताया कि रविवार को अमेरिकी सेना की ‘‘द्वितीय विश्व युद्ध के बाद का सबसे बड़ा हमला’’ करने की योजना तैयार थी लेकिन सऊदी अरब के शहजादे मोहम्मद बिन सलमान सहित प्रमुख खाड़ी नेताओं से बातचीत और कुछ अज्ञात ईरानी अधिकारियों के अनुरोध के बाद उन्होंने इस योजना को रद्द कर दिया और कूटनीतिक प्रयासों को आगे बढ़ाने के लिए थोड़ा और समय देने का निर्णय लिया।

ट्रंप ने न्यू जर्सी के बेडमिन्स्टर स्थित अपने गोल्फ क्लब से वाशिंगटन लौटते समय एयर फोर्स वन में पत्रकारों से कहा, ‘‘मैंने क्राउन प्रिंस से पूछा कि आप क्या चाहते हैं? क्या आप चाहेंगे कि हम हमला करें या नहीं? उन्होंने कहा कि हम हमले के बजाय समझौता करना ज्यादा पसंद करेंगे, क्योंकि आपको नहीं पता कि ऐसे हमले कहां जाकर रुकेंगे।’’

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