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aतिरूवनंतपुरम: राहुल गांधी ने आज (बुधवार) केरल में कांग्रेस नेताओं से कहा कि अपने मतभेद भुलाकर आगामी विधानसभा चुनावों में एकजुट होकर लड़ें। वहीं राज्य के पार्टी नेताओं ने कांग्रेस उपाध्यक्ष से कहा है कि पश्चिम बंगाल में माकपा के साथ गठबंधन नहीं करें। माकपा को अलग-थलग रखने के लिए केपीसीसी की कार्यकारिणी की बैठक में राहुल गांधी और सभी वरिष्ठ नेता शामिल हुए और वक्ताओं ने वामपंथी दल को ‘‘अविश्वसनीय’’ करार दिया और उस पर हिंसा की राजनीति करने के आरोप लगाए। बहरहाल राहुल ने अपने भाषण में इस विषय पर कुछ नहीं कहा बल्कि पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं को स्पष्ट संकेत दिए कि राज्य इकाई में अंदरूनी संघर्ष और कलह को खत्म करें। पश्चिम बंगाल में माकपा नेता ममता बनर्जी नीत तृणमूल कांग्रेस को बाहर करने के लिए कांग्रेस से गठबंधन पर जोर दे रहे हैं वहीं प्रदेश कांग्रेस के नेता इस मुद्दे पर एकजुट नहीं हैं।

तिरवनंतपुरम: कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने आज (मंगलवार) नरेंद्र मोदी सरकार पर किसानों, मजदूरों, विद्यार्थियों और गरीबों के खिलाफ होने का आरोप लगाया। उन्होंने वाम मोर्चा की विचारधारा को भी असंगत बताया। शणमुघम बीच पर ‘जन रक्षा यात्रा’ के समापन के मौके पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए राहुल ने अपने करीब 30 मिनट के भाषण में कई बार मोदी पर निशाना साधा। इस कार्यक्रम के जरिये पार्टी ने एक तरह से केरल में अपने चुनाव अभियान की शुरूआत की। उन्होंने केरल प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष वी एम सुधीरन के नेतृत्व में कासरगोड से तिरवनंतपुरम तक निकाले गये मार्च को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘आप कभी भारत के प्रधानमंत्री को किसानों या मजदूरों के साथ नहीं देखेंगे। आप कभी प्रधानमंत्री की तस्वीर किसानों या मजदूरों के साथ हाथ मिलाते हुए नहीं देखेंगे।’’ राहुल ने कहा कि मोदी विभिन्न वर्गों के बीच नफरत पैदा कर 2014 के चुनावों में सत्ता में आये थे। उन्होंने हिंदुओं और मुसलमानों को बांटा और देश में गुस्से का माहौल पैदा किया। कांग्रेस उपाध्यक्ष ने केरल में विपक्षी माकपा नीत एलडीएफ पर भी निशाना साधते हुए कहा, ‘‘वे जिस विचारधारा में विश्वास रखते हैं वह असंगत हो गयी है और पिछली सदी की है।’’

तिरूवनंतपुरम: केरल विधानसभा में आज सौर घोटाला मुद्दे की गूंज रही और विपक्षी माकपा नीत एलडीएफ ने इस विषय को उठाते हुए सदन के कामकाज को बाधित किया और मुख्यमंत्री ओमन चांडी के इस्तीफे की मांग की। विपक्ष के हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही कुछ देर के लिए स्थगित करनी पड़ी । आज सुबह सदन की कार्यवाही शुरू होने पर एलडीएफ द्वारा पेश कार्य स्थगन प्रस्ताव पर जब मुख्यमंत्री ने अपनी बात रखनी चाही तब विपक्ष ने इसका विरोध किया । विपक्षी सदस्य सौर मामले में मुख्य आरोपी सरिता एस नायर की ओर से चांडी और बिजली मंत्री ए मोहम्मद के खिलाफ लगाये गए रिश्वत संबंधी आरोपों पर चर्चा कराने की मांग कर रहे थे । चांडी ने अपनी बात रखते हुए इन आरोपों को खारिज कर दिया और कहा कि यह पीड़ादायक है और विपक्ष आपराधिक मामले में एक आरोपी के बयान को आधार बना रहा है।

कोझिकोड: बांग्लादेशी लेखिका तसलीमा नसरीन के विचार में भारत ‘असहिष्णु’ देश नही है। उन्होंने यह सवाल भी उठाया कि देश में धर्मनिरपेक्ष लोग केवल हिंदू कट्टरपंथियों को ही निशाना क्यों बनाते हैं। तसलीमा ने कहा कि छद्म-धर्मनिरपेक्षता पर आधारित लोकतंत्र कभी भी सच्चा लोकतंत्र नहीं है। तस्लीमा ने शनिवार शाम यहां केरल साहित्योत्सव में कहा, ‘मुझे नहीं लगता कि भारत एक असहिष्णु देश है। अधिकतर लोग एक दूसरे की आस्था के प्रति सहनशील होते हैं, ऐसा मेरा मानना है।’ साल 1994 में लिखे एक उपन्यास पर अपने देश में कट्टरपंथियों का विरोध झेलने वालीं और भारत में निर्वासन में रह रहीं तसलीमा ने ‘असहिष्णुता’ के विषय पर बहस में भाग लेते हुए कहा, ‘देश (भारत) का कानून असहिष्णुता का समर्थन नहीं करता।

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